Department of Sanskrit

        संस्कृत भाषा देवभाषा के रूप में प्रतिष्ठित है। इसमें निबद्ध वेद, दर्शन,साहित्य, आगम, पुराण, शास्त्र, इतिहास, गणित, आयुर्वेद आदि वाङ्मय मानवसभ्यता एवंविश्व को एकसूत्र में संयुक्त करते हैं। वसुधैव कुटुम्बकम्, यत्र विश्वंभवत्येकनीडम्, एकं सत् विप्राः बहुधा वदन्ति, यो जागार तमृचः कामयन्ते तथाकृण्वन्तु विश्वमार्यम् ही भारतीय संस्कृति है। अतः आधुनिक परिप्रेक्ष्य मेंसंस्कृत भाषा एवं वाङ्मय का महत्त्व तथा गौरवशाली भारतीय ज्ञान परम्परा काअध्ययन-अध्यापन एवं उत्कृष्ट शोध तथा संस्कृत शास्त्रों का गहन मनन-चिन्तन,परिचर्चा एवं विमर्श, अत्यधिक प्रासङ्गिक है।  प्रो. राजेन्द्र सिंह (रज्जू भय्या)विश्वविद्यालय, प्रयागराज के संस्कृत विभाग में शिक्षण आदि अकादमिक कार्यों कासञ्चालन सत्र 2020-21 से प्रारम्भ हो चुका है। इस सत्र के परास्नातक कक्षा मेंछात्र / छात्राओं का प्रवेश व पंजीयन सम्पन्न हुआ है। विभाग में सहयुक्त आचार्य पदपर डॉ. मनमोहन तिवारी (विभागाध्यक्ष) तथा सहायक आचार्य पद पर डॉ. प्रवीण कुमारद्विवेदी सम्प्रति कार्यरत हैं। विभागीय आचार्यों द्वारा परास्नातक कक्षाओं कानियमित रूप से अध्यापन तथा अन्य अकादमिक कार्यों का सम्पादन निरन्तर किया जा रहाहै। संस्कृत विभाग एवं दर्शनशास्त्र विभाग के संयुक्त तत्त्वावधान में प्रो.राजेन्द्र सिंह (रज्जू भय्या) स्मृतिव्याख्यानमाला का आयोजन किया गया। तदन्तर्गत“वैदिक संस्कृति, धर्म तथा दर्शन की उपादेयता : वर्तमान परिप्रेक्ष्य में” विषयकप्रथम व्याख्यान का आरम्भ दिनांक 20.10.2020 को हुआ। विभागीय आचार्य ज्ञान-विज्ञान की इस महती परम्पराको स्वाध्याय, अध्यवसाय व प्रवचन के क्रम से विद्यार्थियों व शोधार्थियों के लियेसमर्पित भाव से अग्रेषित कर रहे हैं। विभाग उत्तम अध्ययन-अध्यापन एवं शोध के लियेदृढ़ संकल्पित है। माननीय कुलपति महोदय की सदिच्छानुसार संस्कृत विभाग द्वारास्नातक (B.A.) संस्कृत पाठ्यक्रम का संचालन सत्र 2021-22 से प्रस्तावित है। साथ ही Ph. D. उपाधि हेतुछात्रों का प्रवेश प्रक्रियागत है।

 

Faculties: -

1.      Dr. ManmohanTiwari, Head of Department & Associate Professor - Sanskrit

2.      Dr. PraveenKumar Dwivedy, Assistant Professor - Sanskrit

Academic Activities:-

Ø  RegularClasses

Ø  SanskritCompetitions

Ø  Weekly GroupDissections

Ø  Research &Orientation based Textual knowledge

Ø  AcademicLecture Series

Ø  Proposed forOrganizing Sanskrit Conferences / Seminars / Lecture-Series / Workshops

Publications :-

1.     Dr. Manmohan Tiwari, Head of Department & AssociateProfessor

Publications

Ø Published Research Papers  / Articles :- 12

Ø Editor - News Letter Sangram (2 Vol.), PRSU2020

Ø  Member of Various University Committees (PRSU)

Ø InvitedLecture in Seminars / Conferences : 06

Ø PaperPresented in Conferences / Seminars : 10

 

2.     Dr. Praveen Kumar Dwivedy, Assistant Professor, Dept. ofSanskrit, PRSU

Publications

Ø  PublishedBooks : 02

Ø  Chapters inBooks :- 12

Ø  Research Paperin Journals : 07

Ø  Articles inMagazine : 22

Ø  Editorial Member of News LetterCommittee Sangram (2 Vol.), PRSU 2020

Ø  Member of Various University Committees (PRSU)

Ø InvitedLecture in Seminars / Conferences : 04

Ø PaperPresented in Conferences / Seminars : 30

Organized Seminar / Workshop :-

Ø  First Prof. RajendraSingh (Rajju Bhaiya) Memorial Lecture

o  Chair : Prof. Sangita Srivastava (Honorable V.C., PRSU)

o   Speaker & Chief Guest : Prof. Rammurti Pathak  (Allahabad Degree College, Prayagraj) Topic- Vaidika Dharm, Darshan evam Samskriti ki Upadeyata : Vartaman Pariprekshyamein (Date :- 20.10.2020)  

 

Proposed Seminar / Workshop / Lecture Series :-

Ø  Seminar : राष्ट्रीयनयी शिक्षा नीति 2020 एवंसंस्कृत साहित्य10-11.02.2022

Ø  Lecture Series : संस्कृतदर्शन, एवं भाषाविज्ञान04.03.2022

Ø  Workshop : भारतीयज्ञान परम्परा - 11-12.03.2022

 

Syllabus :-               M. A. in Sanskrit, B. A. in Sanskrit (प्रक्रियागत), Ph. D. (प्रक्रियागत)

Library :-                DepartmentalLibrary (प्रक्रियागत)

Notice :-                   DepartmentalNotice will be issued accordingto competent authority  

Employees :-          NIL


Notices